जिले में उपलब्ध पांडुलिपियों को संरक्षित करने किया जाएगा सर्वे
23 अप्रैल 2026

भास्कर न्यूज | बलौदाबाजार भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के ज्ञान भारतम मिशन के तहत जिले में प्राचीन पांडुलिपियों के संरक्षण और डिजिटलीकरण के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। इसके अंतर्गत 75 वर्ष या उससे अधिक पुरानी पाण्डुलिपियों, ताम्र पत्रों और ताड़पत्रों की पहचान कर सूची तैयार की जाएगी। मुख्य सचिव विकास शील ने बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कलेक्टर और जिला स्तरीय समिति के सदस्यों की बैठक लेकर सर्वे कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस मिशन का उद्देश्य देश की सांस्कृतिक धरोहर को सुरक्षित और संरक्षित रखना है। योजना के तहत सर्वे के दौरान चिन्हित पांडुलिपियों की जानकारी ज्ञान भारतम एप में अपलोड की जाएगी। इसके बाद दस्तावेजों की स्कैनिंग कर उनका डिजिटलीकरण किया जाएगा, जिससे उन्हें लंबे समय तक सुरक्षित रखा जा सके। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पांडुलिपियों की जानकारी कोई भी नागरिक उपलब्ध करा सकता है। यदि किसी व्यक्ति के पास ग्रंथ, पत्र या अन्य रूप में पाण्डुलिपि मौजूद है, तो उसका केवल संरक्षण और स्कैनिंग की जाएगी। मूल दस्तावेज संबंधित व्यक्ति की अनुमति के बिना नहीं लिया जाएगा। सर्वे कार्य के लिए 31 मई 2026 की समय सीमा निर्धारित की गई है।
Source: bhaskar_hindi