दिल्ली के गोल्फ लिंक रोड पर कारोबारी के घर डकैती, घरेलू सहायक ने साथियों संग परिवार को बनाया बंधक

17 अप्रैल 2026

दिल्ली के गोल्फ लिंक रोड पर कारोबारी के घर डकैती, घरेलू सहायक ने साथियों संग परिवार को बनाया बंधक

राजधानी के गोल्फ लिंक रोड पर एक कारोबारी के घर डकैती हुई। एनर्जी ड्रिंक कंपनी के मालिक प्रवीण चावला के घरेलू सहायक ने पांच साथियों संग मिलकर परिवार को बंधक बनाया। उन्होंने लगभग 25-30 लाख रुपये के सोने के आभूषण लूटे।

नई दिल्ली के अति-सुरक्षित माने जाने वाले गोल्फ लिंक इलाके में बृहस्पतिवार शाम एक सनसनीखेज डकैती ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक एनर्जी ड्रिंक कंपनी के मालिक प्रवीण चावला के घर में उनके घरेलू सहायक ने ही अपने पांच अन्य साथियों के साथ मिलकर लूट की वारदात को अंजाम दिया। आरोपियों ने परिवार को बंधक बनाकर करीब 25 से 30 लाख रुपये के सोने के आभूषण लूट लिए और फरार हो गए। इस घटना ने पॉश इलाके में रहने वाले लोगों में दहशत पैदा कर दी है और घरेलू सहायकों की पृष्ठभूमि की जांच के महत्व को एक बार फिर रेखांकित किया है।

घटना बृहस्पतिवार रात करीब आठ बजे की है, जब घरेलू सहायक ने कोठी का दरवाजा खटखटाया। परिवार वालों ने बिना किसी अनहोनी की आशंका के दरवाजा खोल दिया, जिसके तुरंत बाद नकाब पहने और हथियारबंद बदमाश घर में घुस आए। वारदात के समय घर में व्यवसायी प्रवीण चावला, उनकी पत्नी, बहू और पोता मौजूद थे। बदमाशों ने हथियारों के बल पर सभी को एक कमरे में बंधक बना लिया। इसके बाद, उन्होंने घर की अलमारियों को खंगालकर कीमती जेवरात अपने कब्जे में ले लिए और मौके से फरार हो गए। पूरी वारदात को एक सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया, जिससे पता चलता है कि घरेलू सहायक को घर और कीमती सामान की पूरी जानकारी थी।

पुलिस को रात करीब 8:45 बजे घटना की सूचना दी गई, जिसके बाद तुगलक रोड थाने की पुलिस और जिले के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। जांच में यह बात सामने आई है कि पीड़ित परिवार ने आरोपी घरेलू सहायक को महज एक सप्ताह पहले ही काम पर रखा था और उसका पुलिस वेरिफिकेशन भी नहीं कराया गया था। पुलिस को यह भी पता चला है कि परिवार के पास सहायक का कोई पहचान पत्र या तस्वीर भी नहीं थी, जो उसने संभवतः फर्जी पहचान बताकर नौकरी हासिल की थी। इस लापरवाही ने अपराधियों के लिए अपने मंसूबों को अंजाम देना आसान बना दिया।

नई दिल्ली जिले के पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा के अनुसार, मामले की गंभीरता को देखते हुए तीन विशेष टीमों का गठन किया गया है, जिसमें स्पेशल स्टाफ भी शामिल है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, जिसमें आरोपी कैद हुए हैं। फुटेज के आधार पर उनकी पहचान करने और उनके भागने के रास्ते का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस की कई टीमें आरोपियों की तलाश में उत्तर प्रदेश और हरियाणा में छापेमारी कर रही हैं, क्योंकि ऐसा संदेह है कि वे शहर से बाहर भाग गए हैं।

यह घटना दिल्ली में घरेलू सहायकों द्वारा किए जाने वाले अपराधों की बढ़ती सूची में एक और कड़ी है, जो मकान मालिकों के लिए एक चेतावनी है। यह मामला इस बात पर जोर देता है कि किसी भी घरेलू कर्मचारी को काम पर रखने से पहले उसकी पूरी तरह से जांच और पुलिस सत्यापन कितना महत्वपूर्ण है। पुलिस ने भी नागरिकों से इस संबंध में सतर्कता बरतने की अपील दोहराई है। फिलहाल, चावला परिवार इस घटना से सदमे में है और पुलिस आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दे रही है।

Source: jagran

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The World Dispatch

Source: World News API