अमित शाह के पड़ोसी बने नीतीश कुमार: दिल्ली में मिला 3 एकड़ का VVIP बंगला, राहुल गांधी भी पास
17 अप्रैल 2026
Nitish Kumar Delhi VVIP bungalow नीतीश कुमार को दिल्ली में टाइप-8 कैटेगरी का वीवीआईपी सरकारी बंगला मिला है, जो सुनहरी बाग रोड पर स्थित है। यह लगभग 3 एकड़ में फैला है और अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है।
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यसभा सांसद नीतीश कुमार अब राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की सियासत के केंद्र में एक नए पते पर रहेंगे। उन्हें दिल्ली के लुटियंस जोन में स्थित 9, सुनहरी बाग का टाइप-8 श्रेणी का एक भव्य सरकारी बंगला आवंटित किया गया है। यह बंगला लगभग तीन एकड़ के विशाल क्षेत्र में फैला हुआ है और इसे देश की सत्ता का 'पावर कॉरिडोर' माना जाता है। इस नए आवास के साथ ही नीतीश कुमार केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के पड़ोसी बन गए हैं, जिससे राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।
लुटियंस दिल्ली में स्थित टाइप-8 बंगले सरकारी आवासों में सर्वोच्च श्रेणी के माने जाते हैं। इनका आवंटन केंद्र सरकार के आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय द्वारा वरिष्ठता, पद और उपलब्धता के आधार पर किया जाता है। यह बंगले आम तौर पर केंद्रीय कैबिनेट के वरिष्ठ मंत्रियों, सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों, पूर्व राष्ट्रपतियों और वरिष्ठ सांसदों को ही आवंटित किए जाते हैं। इन आवासों में कई शयनकक्ष, एक विशाल लिविंग रूम, औपचारिक डाइनिंग एरिया, एक स्टडी रूम और कर्मचारियों के लिए क्वार्टर के साथ-साथ बड़े लॉन भी होते हैं। नीतीश कुमार को दिया गया यह बंगला भी अत्याधुनिक सुविधाओं और उच्च-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था से लैस है।
यह बंगला आवंटन ऐसे समय में हुआ है जब नीतीश कुमार ने बिहार के मुख्यमंत्री पद से हटने के बाद राष्ट्रीय राजनीति में अपनी नई भूमिका संभाली है। राज्यसभा सांसद के तौर पर दिल्ली में उनकी सक्रियता बढ़ने की उम्मीद है और यह आलीशान आवास राष्ट्रीय राजनीति के केंद्र में उनकी महत्वपूर्ण स्थिति को दर्शाता है। राजनीतिक विश्लेषक इसे उनके बढ़ते राष्ट्रीय कद और केंद्र सरकार के साथ उनके मजबूत समन्वय के संकेत के रूप में देख रहे हैं। इससे पहले, नीतीश कुमार दिल्ली में 6, कामराज लेन स्थित आवास में रहते थे।
इस नए आवास के साथ ही केंद्र सरकार ने नीतीश कुमार की सुरक्षा को भी बढ़ाया है। उन्हें अब देशभर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 'जेड-प्लस' श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है, जिसमें 58 कमांडो उनकी सुरक्षा में तैनात रहेंगे। यह भारत में किसी सार्वजनिक व्यक्ति को दी जाने वाली उच्चतम सुरक्षा श्रेणियों में से एक है। उनके नए आवास, जो पहले से ही एक हाई-सिक्योरिटी जोन में है, पर भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, जिसमें चौबीसों घंटे सीसीटीवी कैमरों से निगरानी शामिल है।
नीतीश कुमार का दिल्ली में नया ठिकाना न केवल भौतिक रूप से उन्हें सत्ता के केंद्र के करीब लाता है, बल्कि यह भविष्य की राजनीतिक रणनीतियों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र भी बन सकता है। उनके आवास से कुछ ही दूरी पर गृह मंत्री अमित शाह और विपक्ष के प्रमुख नेता राहुल गांधी के निवास हैं। इस वीवीआईपी क्षेत्र में कई अन्य वरिष्ठ नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों के भी आवास हैं, जो इस इलाके को राजनीतिक गतिविधियों का एक प्रमुख केंद्र बनाता है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस नए केंद्र से नीतीश कुमार राष्ट्रीय राजनीति को किस प्रकार प्रभावित करते हैं।
Source: jagran